शिवालिक बाइमेटल कंट्रोल्स लिमिटेड: ₹1.7 से ₹480 तक का कमाल, 1 लाख रुपये को 13 साल में 2.79 करोड़ में बदला!

शेयर बाजार में मल्टीबैगर स्टॉक की कहानियां निवेशकों को हमेशा आकर्षित करती हैं। ऐसी ही एक शानदार मिसाल है शिवालिक बाइमेटल कंट्रोल्स लिमिटेड (Shivalik Bimetal Controls Limited) का। यह छोटी कंपनी पिछले 13 सालों में इतना जबरदस्त रिटर्न दे चुकी है कि अगर किसी ने 2013 में ₹1 लाख निवेश किए होते, तो आज वह रकम लगभग ₹2.79 करोड़ बन जाती। कंपनी का शेयर 1 अगस्त 2013 को ₹1.72 के आसपास था, जो 6 फरवरी 2026 को ₹479.45 पर पहुंच गया। यानी कुल 27,775% का रिटर्न – यह किसी सपने से कम नहीं!

कंपनी क्या करती है? शिवालिक बाइमेटल का बिजनेस मॉडल

शिवालिक बाइमेटल कंट्रोल्स 1984 में स्थापित एक प्रिसिजन इंजीनियरिंग कंपनी है। यह मुख्य रूप से थर्मोस्टेटिक बाइमेटल/ट्राइमेटल स्ट्रिप्स, करंट सेंस शंट्स, प्रिसिजन वेल्डेड प्रोडक्ट्स और संबंधित कंपोनेंट्स बनाती है। कंपनी एडवांस्ड टेक्नोलॉजी जैसे डिफ्यूजन बॉन्डिंग, इलेक्ट्रॉन बीम वेल्डिंग और रेसिस्टेंस वेल्डिंग का इस्तेमाल करती है।

इन प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल होता है:

  • स्विचगियर्स, सर्किट ब्रेकर्स और प्रोटेक्टिव रिले में थर्मल रेगुलेशन के लिए
  • इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EV), एनर्जी मीटर्स और बैटरी मैनेजमेंट सिस्टम में करंट सेंसिंग के लिए
  • इलेक्ट्रॉनिक्स, घरेलू उपकरण, इंडस्ट्रियल, मेडिकल, डिफेंस और एग्रीकल्चर सेक्टर में

कंपनी का प्रोडक्ट मिक्स बैलेंस्ड है – बाइमेटल्स करीब 56.5% और शंट्स 43.5% (वॉल्यूम के हिसाब से)। यह निर्यात पर भी मजबूत है – FY25 में कुल रेवेन्यू का 56% एक्सपोर्ट से आया। कंपनी 38 से ज्यादा देशों में मौजूद है और भारत इसका सबसे बड़ा मार्केट है।

कमाल के फाइनेंशियल रिजल्ट्स और ग्रोथ

कंपनी की ग्रोथ काफी इंप्रेसिव रही है:

  • पिछले 5 सालों में रेवेन्यू का CAGR 22.12% और नेट प्रॉफिट का CAGR 42.73%
  • Q3 FY26 (दिसंबर 2025 तक) में रेवेन्यू 8.88% बढ़कर ₹134.23 करोड़ हुआ
  • EBITDA 31.89% उछलकर ₹32.38 करोड़ (मार्जिन 24.12% तक पहुंचा)
  • नेट प्रॉफिट 21.60% बढ़कर ₹22.18 करोड़ (PAT मार्जिन 16.64%)
  • ROCE 25.6%, ROE 20.6% – मजबूत रिटर्न रेशियो
  • डेट-टू-इक्विटी सिर्फ 0.11x – लगभग डेट-फ्री कंपनी
  • मार्केट कैप करीब ₹2,762 करोड़ (फरवरी 2026)

कंपनी अब PCBA (प्रिंटेड सर्किट बोर्ड असेंबली) में भी एंट्री कर रही है, जिससे FY27 में ₹50-70 करोड़ अतिरिक्त रेवेन्यू की उम्मीद है। मैनेजमेंट FY27 में 13-18% ग्रोथ का अनुमान लगा रहा है।

क्यों बना यह स्टॉक मल्टीबैगर?

  • EV, रिन्यूएबल एनर्जी और स्मार्ट मीटरिंग जैसे हाई-ग्रोथ सेक्टर्स में मजबूत पोजिशन
  • एक्सपोर्ट फोकस और ग्लोबल प्रेजेंस
  • हाई-मार्जिन वैल्यू-एडेड प्रोडक्ट्स और फॉरवर्ड इंटीग्रेशन
  • लगातार बेहतर फाइनेंशियल परफॉर्मेंस और कम डेट
  • छोटी कंपनी होने से ग्रोथ की ज्यादा स्कोप

महत्वपूर्ण डिस्क्लेमर

शेयर बाजार में निवेश जोखिम भरा होता है। पिछले परफॉर्मेंस से भविष्य की गारंटी नहीं मिलती। यह लेख सिर्फ जानकारी के लिए है, निवेश की सलाह नहीं। कोई भी निवेश करने से पहले अपने फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह जरूर लें।

अगर आप लॉन्ग-टर्म निवेशक हैं और प्रिसिजन इंजीनियरिंग + EV से जुड़े सेक्टर में मजबूत प्लेयर तलाश रहे हैं, तो शिवालिक बाइमेटल कंट्रोल्स जैसी कंपनियां दिलचस्प हो सकती हैं। लेकिन रिसर्च और सावधानी सबसे जरूरी है!

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